लखनऊ में सनसनीखेज वारदात: मोबाइल की EMI बाउन्स होने पर युवक का अपहरण, खून निकालकर परिजनों से मांगी फिरौती

Lucknow Crime News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ मोबाइल की किस्त न चुका पाने…

Lucknow Crime News: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से एक बेहद हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहाँ मोबाइल की किस्त न चुका पाने पर एक युवक को (Lucknow Crime News) पांच दिनों तक बंधक बनाकर रखने, उससे जबरन मजदूरी कराने और ब्लड बैंक ले जाकर खून निकलवाने का सनसनीखेज आरोप लगा है। इस घटना के बाद से इलाके में सनसनी फैल गई है और पीड़ित परिवार न्याय के लिए भटक रहा है।

कैसे शुरू हुआ पूरा मामला?
घटना लखनऊ के निगोहां थाना क्षेत्र के राजारामखेड़ा मजरा पुरहिया गांव की है। पीड़ित की मां जदूराई ने बताया कि उनके छोटे बेटे नेवल ने करीब एक साल पहले निगोहां कस्बे की गीता मोबाइल शॉप से जीरो डाउन पेमेंट पर एक मोबाइल खरीदा था। एक महीने की किस्त बकाया होने पर कुछ लोग घर से मोबाइल उठा ले गए थे। इसके बाद 8 सितंबर की शाम करीब चार बजे दो लोग स्कूटी पर आए और नेवल को किसी बहाने से अपने साथ ले गए।

बंधक बनाकर जबरन खून निकलवाने का आरोप
पीड़ित परिवार के मुताबिक, काफी तलाश करने के बाद पता चला कि नेवल को लखनऊ के एक ब्लड बैंक ले जाया गया, जहाँ कथित तौर पर उसका जबरन खून निकलवाया गया। इसके बाद उसे सदर इलाके के एक मकान में बंधक बनाकर रखा गया और उससे जबरन मजदूरी कराई गई।

पैसे देने के बाद भी नहीं छोड़ा, फिर मांगी फिरौती
परिजनों का आरोप है कि आरोपियों ने नेवल के बड़े भाई राजकुमार को फोन कर मोबाइल किस्त के नाम पर 9 सितंबर को 2,799 रुपये ऑनलाइन ट्रांसफर करवा लिए। इसके बावजूद आरोपियों ने उसे नहीं छोड़ा। 11 सितंबर की शाम दोबारा फोन कर 12,500 रुपये की और मांग की गई और पैसे न मिलने पर जान से मारने की धमकी दी गई।

पुलिस की भूमिका पर उठे सवाल और अधिकारियों का एक्शन
परिवार की सूचना पर पुलिस के हस्तक्षेप के बाद पांचवें दिन नेवल को एक रैपिड कैब से थाने भेजा गया, जिसका किराया भी उसके भाई से भरवाया गया। पीड़ित मां ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, तो पुलिस ने नेवल को ही फंसाने की धमकी दी। हालांकि, मामले की गंभीरता को देखते हुए डीसीपी दक्षिणी मो. मुश्ताक ने शिकायत मिलने की पुष्टि की है और इस पूरे मामले में निष्पक्ष जांच के आदेश दे दिए हैं।