उत्तर प्रदेश “दलित महिला हत्याकांड” अखिलेश यादव के लिए बना राजनीतिक मुद्दा – समाजवादी पार्टी पर लगे आरोप

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उन्नाव : उत्तर प्रदेश के उन्नाव से दो महीने पहले लापता हुई २२ वर्षीय दलित महिला का शव समाजवादी पार्टी के नेता द्वारा बनाए गए आश्रम के पास एक गड्ढे में मिला है, राजनेता का बेटा मुख्य संदिग्ध है और वह कथित तौर पर पुलिस को शव तक ले गया। 

यूपी चुनाव के बीच में इस खोज ने समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव को भाजपा और मायावती जैसे प्रतिढंधियों के हमलो का सामना करना  पड़ा है। २०१२ – १७ मे अखिलेश यादव की समाजवादी पार्टी सरकार में मंत्री रहे फतेह बहादुर सिंह के नाम पर आश्रम के पास जमीन के एक खाली टुकड़े से युवती का शव निकाला गया। पीड़िता के परिवार ने शुरू में उसका अंतिम संस्कार करने से इनकार कर दिया, फतेह बहादुर सिंह के बेटे सजोल सिंह के खिलाफ त्वरित कारवाई की मांग की गई हे।

महिला के परिवार ने दो महीने पहले पुलिस  मे शिकायत दर्ज करवाई थी जिसमे राजोल सिंह का नाम दर्ज करवाया था। परिजनो का कहना हे की पुलिस ने कारवाई नही की। महिला ८ दिसंबर २०२१ को अपने घर से लापता हो गई थी। अगले दिन उसकी माँ पुलिस के पास गई थी। २४ जनवरी को लखनऊ मे माँ ने खुद को फेफने ( जलाने )  की कोशिस की।जिससे मामले की ओर लोगो का ध्यान आकषित होने के बाद सजोल सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया। उनसे कुछ दिन पहले पूछताछ की गई तब उनको पता चला की शव को कहा दफनाया गया था। पोस्ट्मोत्म में महिला के शरीर पर कई धाव के निशान मिले है। 

इस मामले पर अखिलेश यादव ने कहा, “जिस व्यक्ति को वे समाजवादी पार्टी का बता रहे है, उसकी चार साल पहले ही मौत हो गई थी। पुलिस को जवाब देना चाहिए की उन्होने मामले पर कारवाई करने मे इतने दिन क्यो लगाए। हम पीड़िता के परिवार के साथ है। हम उसकी माँ के साथ है और उसकी मांग पूरी की जानी चाहिए। 

भाजपा ने अखिलेश यादव पर आरोप लगते हुए कहा ” अखिलेश यादव, एक दलित बेटी का शव समाजवादी पार्टी के नेता की जमीन से मिला है। आपने पीड़िता की माँ की बात नही मानी जब वह आपकी कार के सामने भीख मांग रही थी। आप समाजवादी पार्टी के नेता के बेटा का बचाव कर रहे है। आप अपराधियोंकी मदद करने मे कोई कसर नही छोड़ेगे। 

बहुजान समाज पार्टी प्रमुख मायावती ने भी समाजवादी पार्टी पर निशाना लगते हुए कहा की। ” उन्नाव जिले मे सपा नेता के खेत में एक दलित लड्की का शव मिलना एक बहुत दुखद घटना  है। परिवार के सदस्य पहले से ही नेता के अपहरण और ह्त्या के बारे मे शिकायत कर रहे थे। राज्य सरकार को तुरंत कारवाई करनी चाहिए। अपराधियो के खिलाफ पीड़ित के परिवार को न्याय मिलना चाहिए।